बिलासपुर स्टेशन पर ‘गांजा कपल’ का खेल खत्म! 21 किलो गांजे के साथ पति-पत्नी गिरफ्तार, 10.50 लाख की खेप जब्त
बिलासपुर स्टेशन पर GRP-RPF का शिकंजा, 21 किलो से ज्यादा गांजे के साथ बिहार के पति-पत्नी गिरफ्तार

बिलासपुर। बिलासपुर रेलवे स्टेशन पर गांजे की बड़ी खेप खपाने पहुंचे पति-पत्नी को GRP और RPF की संयुक्त टीम ने दबोच लिया। दोनों के दो बैग देखकर किसी को अंदाजा भी नहीं था कि इनके अंदर करीब 10.50 लाख रुपये का गांजा छिपा हुआ है। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने घेराबंदी की और तलाशी लेते ही पूरा मामला खुल गया।
19 अगस्त को जीआरपी को मुखबिर से खबर मिली कि प्लेटफॉर्म नंबर 4-5 के हावड़ा छोर पर ओवरब्रिज के नीचे एक महिला और पुरुष गांजे की खेप लेकर खड़े हैं। सूचना मिलते ही GRP और RPF की टीम एक्टिव हुई और बताए गए स्थान पर दबिश दी।

मौके पर एक महिला और पुरुष काले रंग के बैग और लाल ट्रॉली बैग के साथ संदिग्ध हालत में खड़े मिले। पुलिस ने दोनों को घेरकर पूछताछ की तो उनकी पहचान संगीता मिश्रा (43) और सुशील मिश्रा (45) के रूप में हुई। दोनों बिहार के पश्चिम चंपारण जिले के बगहा क्षेत्र के रहने वाले हैं।
बैग खुले तो निकले गांजे के 10 पैकेट
पुलिस ने जब दोनों बैगों की तलाशी ली तो अंदर 10 पैकेटों में गांजा बरामद हुआ। इलेक्ट्रॉनिक तराजू से वजन कराया गया तो कुल 21.058 किलो गांजा निकला। इसकी अनुमानित कीमत करीब 10.50 लाख रुपये बताई गई है।

NDPS एक्ट में गिरफ्तारी, सीधे जेल
गांजा बरामद होते ही पुलिस ने दोनों के खिलाफ धारा 20(बी) NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज किया और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। परिजनों को गिरफ्तारी की सूचना देने के बाद दोनों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
रेलवे स्टेशन बना तस्करी का ठिकाना, पुलिस का शिकंजा जारी
रेलवे के रास्ते मादक पदार्थों की तस्करी करने वालों पर GRP और RPF लगातार नजर रख रही है। इस कार्रवाई ने साफ कर दिया है कि रेलवे स्टेशन के रास्ते गांजे की खेप लेकर निकलने वाले तस्करों के लिए अब रास्ता आसान नहीं है। पुलिस ने कहा है कि ट्रेनों और रेलवे स्टेशनों के जरिए मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।

कार्रवाई में पुलिस अधीक्षक (रेल) दिव्यांग पटेल के निर्देशन, DSP रेल तोबियस खाखा के मार्गदर्शन और थाना प्रभारी निरीक्षक विष्णु प्रसाद यादव सहित GRP-RPF टीम की अहम भूमिका रही।








