अब्बा हुजूर चावल पर बड़ा एक्शन! स्टॉक में छिपकली मिलने की शिकायत, खाद्य विभाग ने पूरा मार्ट किया सील
बिलासपुर में खाद्य विभाग की बड़ी कार्रवाई, दुकानदार को नोटिस; अपना मार्ट को भी चावल के इस्तेमाल पर रोक की चेतावनी

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में अपने अलग स्वाद के लिए पहचान बना चुके अब्बा हुजूर ब्रांड के चावल को लेकर बिलासपुर में बड़ा मामला सामने आया है। देवरीखुर्द इलाके में चावल के स्टॉक में छिपकली मिलने की शिकायत के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की और संबंधित ब्रांड के पूरे स्टॉक को सील कर दिया। कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।
खाद्य सुरक्षा विभाग को शिकायत मिली थी कि देवरीखुर्द क्षेत्र में अब्बा हुजूर ब्रांड के चावल के स्टॉक में छिपकली मिली है। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए खाद्य सुरक्षा अधिकारी आरआर देवांगन के नेतृत्व में टीम मौके पर पहुंची। टीम ने स्टॉक की जांच की और संबंधित चावल को तत्काल सील कर दिया।

छिपकली मिलने की शिकायत से मचा हड़कंप
मामला सामने आने के बाद खाद्य विभाग ने संबंधित दुकानदार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। विभाग अब पूरे मामले की जांच कर रहा है। जांच में खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
अपना मार्ट को भी चेतावनी
इसी मामले में देवरीखुर्द स्थित अपना मार्ट को भी अब्बा हुजूर ब्रांड के चावल के इस्तेमाल को फिलहाल रोकने की चेतावनी दी गई है। विभाग ने संबंधित स्टॉक को लेकर विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए हैं।

सवालों के घेरे में खाद्य सुरक्षा
अब्बा हुजूर चावल की लोकप्रियता के बीच सामने आए इस मामले ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और पैकेजिंग को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर चावल के स्टॉक तक छिपकली कैसे पहुंची? स्टॉक का रखरखाव किस तरह किया जा रहा था? और क्या संबंधित उत्पाद की सप्लाई चेन में कहीं लापरवाही हुई? इन सवालों के जवाब अब खाद्य विभाग की जांच से सामने आएंगे।
बिलासपुर में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम लगातार खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, मिलावट और सुरक्षा मानकों की जांच कर रही है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जांच में गड़बड़ी मिलने पर जिम्मेदारों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

अब नजर इस बात पर है कि खाद्य विभाग की आगे की जांच में क्या सामने आता है और अब्बा हुजूर ब्रांड के इस स्टॉक को लेकर अगला एक्शन क्या होता है।









