LIVE UPDATE

अस्पताल में आरोपी को VIP ट्रीटमेंट? स्पेशल वार्ड में मोबाइल और गुटखा खाते मिला दुष्कर्म का आरोपी, पहरे पर तैनात पुलिसकर्मियों पर उठे सवाल

बिलासपुर। कानून की निगरानी में अस्पताल में भर्ती एक आरोपी अगर मोबाइल पर बात करता और गुटखा खाते आराम फरमाता नजर आए, तो पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठना लाजिमी है। सिविल लाइन थाना क्षेत्र के चर्चित दुष्कर्म मामले में ऐसा ही मामला सामने आया है। शादी का झांसा देकर दुष्कर्म के आरोप में घिरे पवन महतो को मेडिकल कॉलेज अस्पताल के स्पेशल वार्ड में मोबाइल इस्तेमाल करते और गुटखा खाते देखे जाने की जानकारी सामने आई है। घटना ने आरोपी की निगरानी में तैनात पुलिसकर्मियों की भूमिका पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

 

मामले में पवन महतो पर एक विधवा महिला को शादी का झांसा देकर लगातार दैहिक शोषण करने का आरोप है। बताया जा रहा है कि आरोपी अडानी पावर प्लांट में कार्यरत है। इस मामले में 8 अक्टूबर को FIR दर्ज होने के बाद पुलिस ने उसे पकड़ा था।

ये खबर भी पढ़ें…
अमित जोगी की बढ़ीं मुश्किलें: ‘ज्ञानू-जानू’ वीडियो विवाद के बाद अब स्टेट बार काउंसिल का नोटिस, 7 दिन में मांगा जवाब
अमित जोगी की बढ़ीं मुश्किलें: ‘ज्ञानू-जानू’ वीडियो विवाद के बाद अब स्टेट बार काउंसिल का नोटिस, 7 दिन में मांगा जवाब
November 5, 2026
रायपुर, 5 नवंबर 2026 । जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के नेता अमित जोगी की मुश्किलें लगातार बढ़ती नजर आ रही...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

जानकारी के मुताबिक, मेडिकल लीगल प्रक्रिया (MLC) के दौरान तबीयत खराब होने की बात सामने आने पर आरोपी को मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया। लेकिन अस्पताल में उसकी निगरानी और उसे दी जा रही सुविधाओं को लेकर अब सवाल उठने लगे हैं।

जनरल वार्ड की जगह स्पेशल वार्ड, मोबाइल इस्तेमाल पर सवाल

सूत्रों के अनुसार, आरोपी को जनरल वार्ड के बजाय स्पेशल वार्ड में रखा गया है। आरोप है कि वहां वह मोबाइल फोन का इस्तेमाल कर रहा था और गुटखा खाते हुए आराम से समय बिता रहा था। उसकी निगरानी के लिए दो आरक्षकों की ड्यूटी लगाए जाने की बात भी सामने आई है।

ये खबर भी पढ़ें…
अनवर ढेबर समेत 6 पर FIR: कारोबारी से 4 करोड़ फिरौती मांगने का आरोप…होटल में मारपीट, पूरे परिवार को खत्म करने की धमकी!
अनवर ढेबर समेत 6 पर FIR: कारोबारी से 4 करोड़ फिरौती मांगने का आरोप…होटल में मारपीट, पूरे परिवार को खत्म करने की धमकी!
November 5, 2026
Raipur Crime News: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में चार करोड़ रुपये की कथित वसूली को लेकर एक सनसनीखेज मामला सामने...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

ऐसे में सवाल यह है कि जब पुलिसकर्मियों की तैनाती आरोपी की निगरानी के लिए की गई थी, तो फिर अस्पताल में उसकी गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण क्यों नहीं दिखा? क्या ड्यूटी पर तैनात जवानों ने निर्धारित जिम्मेदारी का सही तरीके से निर्वहन किया? इन सवालों का जवाब जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।

CSP का तर्क—अभी तकनीकी रूप से गिरफ्तार नहीं था

मामले पर CSP प्रतीक चतुर्वेदी ने कहा कि आरोपी तकनीकी रूप से गिरफ्तार नहीं था। उसके भागने की आशंका को देखते हुए पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी। तबीयत खराब होने के कारण उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डिस्चार्ज होने के बाद उसके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

ये खबर भी पढ़ें…
छत्तीसगढ़ शराब घोटाला: रामगोपाल अग्रवाल और अरुणपति त्रिपाठी को जमानत, जांच एजेंसियों के आरोपों के बीच मिली राहत, जानिए पूरा मामला
छत्तीसगढ़ शराब घोटाला: रामगोपाल अग्रवाल और अरुणपति त्रिपाठी को जमानत, जांच एजेंसियों के आरोपों के बीच मिली राहत, जानिए पूरा मामला
November 5, 2026
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाला मामले में रामगोपाल अग्रवाल और अरुणपति त्रिपाठी को जमानत मिलने की खबर सामने आई...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

CSP ने यह भी कहा कि आरक्षकों की ओर से लापरवाही बरते जाने के मामले में SP स्तर पर जांच कराई जाएगी और लापरवाही सामने आने पर कार्रवाई की जाएगी।

अब निगरानी व्यवस्था की होगी परीक्षा

इस पूरे घटनाक्रम ने अस्पताल में पुलिस निगरानी की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक तरफ महिला की शिकायत पर गंभीर आरोपों की जांच चल रही है, तो दूसरी तरफ आरोपी की अस्पताल में निगरानी को लेकर विवाद सामने आया है। अब देखना होगा कि जांच में ड्यूटी पर तैनात आरक्षकों की भूमिका को लेकर क्या तथ्य सामने आते हैं और पुलिस प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *