CG-नकली नोटों की मिनी फैक्ट्री का भंडाफोड़; घर के भीतर चल रहा था नकली नोट छापने का संगठित खेल, एक आरोपी गिरफ्तार
डेस्क टीम. 15 मई 2026. छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में पुलिस ने एक बड़े नकली नोट रैकेट का पर्दाफाश करते हुए एक युवक को गिरफ्तार किया है, जो अपने घर को ही मिनी नोट छापने की फैक्ट्री बनाकर 500 रुपये के जाली नोट तैयार कर रहा था और उन्हें बाजार में खपाने की कोशिश कर रहा था। इस कार्रवाई के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 6 लाख रुपये से अधिक के नकली नोट और नोट छापने में इस्तेमाल होने वाला पूरा तकनीकी सामान बरामद किया है। शुरुआती जांच में यह मामला सिर्फ व्यक्तिगत अपराध नहीं बल्कि एक संगठित गतिविधि की ओर इशारा कर रहा है।

कैसे हुआ पूरे रैकेट का खुलासा?
पुलिस को कुछ दिन पहले सूचना मिली थी कि नए बस स्टैंड क्षेत्र में एक युवक संदिग्ध रूप से 500 रुपये के नकली नोट बाजार में चलाने की कोशिश कर रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने निगरानी शुरू की और मौके पर घेराबंदी कर आरोपी को पकड़ लिया गिरफ्तार आरोपी की पहचान 29 वर्षीय युगल नाग के रूप में हुई है, जो कोडागांव क्षेत्र का रहने वाला बताया जा रहा है।


घर में बनी थी “नकली नोट फैक्ट्री”
आरोपी के घर पर जब पुलिस ने दबिश दी तो वहां से नकली नोट छापने का पूरा सेटअप मिला, जिससे यह साफ हो गया कि वह लंबे समय से इस अवैध धंधे को अंजाम दे रहा था।
बरामद सामान में हाई क्वालिटी कलर प्रिंटर, स्कैनिंग मशीन और लैपटॉप, पेपर कटर मशीन, विशेष सुरक्षा जैसी दिखने वाली पेपर शीट, मोबाइल फोन और डिजिटल उपकरण, बड़ी मात्रा में तैयार और अधबने नकली नोट शामिल है , पुलिस का कहना है कि आरोपी घर के भीतर ही नोटों की छपाई करता था और उन्हें धीरे-धीरे बाजार में खपाने की योजना बनाता था।

6 लाख रुपये से ज्यादा की जाली करेंसी बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस ने 500-500 रुपये के नकली नोटों का बड़ा जखीरा बरामद किया। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार बरामद नकली करेंसी की कुल कीमत 6 लाख रुपये से अधिक है।
नोटों की गुणवत्ता और प्रिंटिंग को देखकर पुलिस भी हैरान है, क्योंकि ये नोट असली नोटों जैसे दिखने की कोशिश में बनाए गए थे।










