बिलासपुर बाल संप्रेक्षण गृह में चौकीदार की हत्या, चार बाल अपचारी फरार; सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल
सरकंडा स्थित बाल संप्रेक्षण गृह में देर रात वारदात, हाथ-पैर बांधकर गला घोंटने का आरोप; CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस, फरार अपचारियों की तलाश में कई टीमें गठित
बिलासपुर, 13 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ की न्यायधानी बिलासपुर के सरकंडा थाना क्षेत्र स्थित बाल संप्रेक्षण गृह में रविवार देर रात हुई एक सनसनीखेज वारदात ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया। संप्रेक्षण गृह के चौकीदार की कथित तौर पर हत्या कर चार बाल अपचारी मौके से फरार हो गए। इस घटना ने न केवल संप्रेक्षण गृह की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, बल्कि कानून से संघर्षरत किशोरों की निगरानी व्यवस्था को लेकर भी बहस छेड़ दी है।
मृतक की पहचान तखतपुर क्षेत्र के अरईबंद निवासी नरेंद्र कुमार खांडे (40 वर्ष) के रूप में हुई है। वे पिछले करीब एक वर्ष से बाल संप्रेक्षण गृह में चौकीदार के पद पर कार्यरत थे।

मारपीट के बाद हाथ-पैर बांधकर गला घोंटने का आरोप
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार रविवार रात करीब 11 बजे चार बाल अपचारियों का चौकीदार नरेंद्र कुमार खांडे से किसी बात को लेकर विवाद हुआ। आरोप है कि पहले चारों ने उनके साथ मारपीट की, फिर उनके हाथ-पैर बांध दिए। इसके बाद गमछे से गला घोंटकर उनकी हत्या कर दी गई तथा मुंह में कपड़ा ठूंस दिया गया। वारदात को अंजाम देने के बाद चारों बाल अपचारी संप्रेक्षण गृह से फरार हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही सरकंडा थाना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने का काम शुरू कर दिया है।

फरार अपचारियों के खिलाफ पहले से गंभीर मामले
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि फरार बाल अपचारियों में से एक की उम्र 20 वर्ष पूरी हो चुकी थी और उसे जल्द ही जेल में स्थानांतरित किया जाना था। वहीं दूसरे पर हत्या और तीसरे पर दुष्कर्म जैसे गंभीर अपराधों के मामले दर्ज बताए जा रहे हैं। पुलिस को आशंका है कि वारदात पूर्व नियोजित हो सकती है, हालांकि हत्या के पीछे की वास्तविक वजह का खुलासा जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगा।
CCTV फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के सहारे जांच
फरार आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस ने अलग-अलग टीमें गठित कर दी हैं। संप्रेक्षण गृह में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। इसके अलावा कर्मचारियों, अन्य बाल अपचारियों और संबंधित लोगों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस तकनीकी साक्ष्यों और फॉरेंसिक जांच के आधार पर घटना की पूरी कड़ी जोड़ने का प्रयास कर रही है।

सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल
बाल संप्रेक्षण गृह जैसी संवेदनशील संस्था के भीतर चौकीदार की हत्या और चार बाल अपचारियों का फरार हो जाना सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा रहा है। जिस स्थान पर किशोरों की निगरानी, संरक्षण और सुधार की जिम्मेदारी होती है, वहीं इतनी बड़ी घटना होना प्रशासनिक लापरवाही की ओर भी संकेत करता है। घटना के बाद संप्रेक्षण गृह में सुरक्षा व्यवस्था, कर्मचारियों की तैनाती और निगरानी प्रणाली की समीक्षा शुरू कर दी गई है।
पुलिस का दावा- जल्द गिरफ्तार होंगे आरोपी
सरकंडा थाना पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, CCTV फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फरार चारों बाल अपचारियों की तलाश के लिए पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। अधिकारियों का दावा है कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर हत्या के पीछे की पूरी साजिश और वजह का खुलासा किया जाएगा।










